IDBI बैंक की Fairfax को हिस्सेदारी बिक्री वैल्यूएशन विवाद में अटकी
सरकार की IDBI बैंक में बहुमत हिस्सेदारी बेचने की लंबे समय से चली आ रही कोशिश अभी भी अंतिम दौर की बातचीत में अटकी हुई है। कनाडा की Fairfax Financial Holdings इस रेस में सबसे आगे मानी जा रही है, लेकिन वैल्यूएशन को लेकर मतभेद की वजह से डील अभी तक पूरी नहीं हो पाई है।
बिक्री के लिए रखी गई 60.72% हिस्सेदारी भारत सरकार (30.48%) और LIC (30.24%) के पास संयुक्त रूप से है। रिपोर्ट्स के मुताबिक Fairfax ने करीब 81 रुपये प्रति शेयर का ऑफर दिया है, जिससे यह डील लगभग 53,000 करोड़ रुपये की बैठती है। अगर यह डील पूरी होती है, तो यह किसी भारतीय बैंक में सबसे बड़े विदेशी निवेशों में शुमार होगी। यह प्रस्ताव वरिष्ठ अधिकारियों की एक समिति से पास होकर अब मंत्रिस्तरीय पैनल के विचार के लिए लंबित बताया जा रहा है, साथ ही RBI और SEBI की मंज़ूरी भी ज़रूरी होगी।
Fairfax की CSB बैंक में पहले से मौजूद हिस्सेदारी इस डील को थोड़ा उलझा देती है, क्योंकि खरीदार को या तो दोनों बैंकों का विलय करना होगा या पहले CSB में अपनी हिस्सेदारी से बाहर निकलना होगा। कीमत और स्ट्रक्चर से जुड़े मुद्दे अभी भी अनसुलझे हैं, और पिछले कई महीनों से इसे “अंतिम चरण” में बताए जाने के बावजूद कोई आधिकारिक ऐलान सामने नहीं आया है।
