फर्ज़ी नौकरी के ऑफर: 8 चेतावनी संकेत और क्या करें
हर साल कई नौकरी तलाशने वाले भारत में फर्ज़ी नौकरी के ऑफर में पैसे, दस्तावेज़ और समय गंवा देते हैं। ये ठगी बहुत असली लग सकती है, जिसमें लोगो, ऑफर लेटर और फोन या वीडियो इंटरव्यू तक होते हैं। आठ चेतावनी संकेत और सुरक्षित रहने के सरल कदम।
आठ चेतावनी संकेत
- आपसे पैसे मांगे जाएं। रजिस्ट्रेशन फीस, ट्रेनिंग डिपॉज़िट, दस्तावेज़ सत्यापन शुल्क या “वापसी योग्य” सिक्योरिटी राशि खतरे की घंटी है। असली नियोक्ता नौकरी देने के लिए पैसे नहीं लेता।
- तुरंत चयन हो जाए, बिना सही इंटरव्यू या परीक्षा के।
- वेतन काम या अनुभव के हिसाब से बहुत ज़्यादा हो।
- ईमेल कुछ गड़बड़ लगे। मुफ़्त ईमेल पता, वर्तनी की गलतियां, या असली कंपनी जैसा दिखने वाला वेबसाइट पता।
- जल्दी करने का दबाव। “आज पैसे दो वरना नौकरी गई” दबाव बनाने की चाल है।
- बातचीत सिर्फ़ मैसेजिंग ऐप पर हो। रिक्रूटर आधिकारिक माध्यम और कॉल से बचे।
- शुरू में ही संवेदनशील जानकारी मांगी जाए, जैसे बैंक पासवर्ड, OTP या बायोमेट्रिक डेटा।
- कंपनी की पुष्टि न हो पाए। कोई आधिकारिक वेबसाइट, पता या असली कर्मचारी न मिलें।
ऑफर की जांच कैसे करें
- कंपनी की आधिकारिक वेबसाइट का पता खुद टाइप करके खोलें और करियर पेज देखें।
- कंपनी के आधिकारिक नंबर पर फोन करके पूछें कि यह पद वास्तव में है या नहीं।
- कंपनी का नाम “scam” शब्द के साथ खोजें और दूसरों की राय पढ़ें।
- सरकारी नौकरियों के लिए विभाग की अपनी वेबसाइट पर आधिकारिक अधिसूचना देखें।
- याद रखें, राष्ट्रीय कैरियर सेवा (श्रम एवं रोजगार मंत्रालय) के अनुसार उसकी सेवाएं निःशुल्क हैं और वह किसी भी चरण में शुल्क नहीं लेती।
अगर आप निशाना बने हैं
- सभी संपर्क बंद करें और और पैसे या दस्तावेज़ न भेजें।
- चैट, ईमेल और भुगतान के स्क्रीनशॉट संभालकर रखें।
- cybercrime.gov.in पर शिकायत करें या साइबर हेल्पलाइन 1930 पर कॉल करें, खासकर अगर पैसे गए हों।
- भुगतान रुकवाने की कोशिश के लिए तुरंत अपने बैंक को बताएं।
भारत की साइबर अपराध एजेंसियों ने AI से बनी आवाज़ वाली कॉल और फर्ज़ी भर्ती वेबसाइटों को लेकर चेतावनी दी है, इसलिए कॉल भरोसेमंद लगे तब भी दोबारा जांचें।
